IBN24 Desk: रायपुर (छत्तीसगढ़) मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय के नेतृत्व में प्रदेश में विशेष पिछड़ी जनजातियों के सामाजिक एवं आर्थिक सशक्तिकरण के लिए लगातार प्रयास किए जा रहे हैं। इसी कड़ी में जशपुर जिले के कुनकुरी विकासखंड अंतर्गत ग्राम बेहराखार में पशुधन विकास विभाग जिला जशपुर एवं BAIF Development Research Foundation की हाई इम्पैक्ट मेगा वाटर परियोजना छत्तीसगढ़ के संयुक्त तत्वावधान में विशेष पिछड़ी जनजाति पहाड़ी कोरवा परिवारों के लिए पशु चिकित्सा सह जागरूकता शिविर का आयोजन किया गया।
शिविर का उद्देश्य ग्रामीण पशुपालकों को पशु स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराने के साथ-साथ उन्हें आजीविका उन्नयन एवं विभागीय योजनाओं के प्रति जागरूक करना था। शिविर के दौरान बकरियों में 171 टीकाकरण एवं 171 कृमिनाशक दवा पान कराया गया। साथ ही 110 पशुओं को आवश्यक औषधियों का वितरण किया गया। शिविर से कुल 36 हितग्राही लाभान्वित हुए। इसके अतिरिक्त बिरहोर समुदाय के 12 हितग्राहियों से बैकयार्ड कुक्कुट पालन हेतु आवेदन भी प्राप्त किए गए।
शिविर में विशेष रूप से पहाड़ी कोरवा एवं बिरहोर समुदाय के परिवारों को पशुपालन आधारित आजीविका गतिविधियों से जोड़ने के लिए प्रोत्साहित किया गया। पशुपालन विभाग एवं परियोजना दल द्वारा पशुपालन के माध्यम से आय वृद्धि, पोषण सुरक्षा और आत्मनिर्भरता के संबंध में जानकारी दी गई। ग्रामीणों को पशुपालन प्रबंधन, रोग नियंत्रण, नियमित टीकाकरण तथा विभागीय योजनाओं की विस्तृत जानकारी देकर जागरूक किया गया।
