IBN24 Desk: रायपुर (छत्तीसगढ़) नवा रायपुर के तूता में चित्रोत्पला फिल्म सिटी के लिए पेड़ों की कटाई का विरोध तेज होने लगा है। इसके खिलाफ माना-तूता जंगल संघर्ष समिति ने आंदोलन को आगे बढ़ाने की रणनीति बनाई है। साथ ही समिति ने इस पूरे मामले को लेकर छत्तीसगढ़ भाजपा प्रदेश प्रभारी स्मृति ईरानी को पत्र लिखा है।
नवा रायपुर सरपंच संघ के पूर्व अध्यक्ष सुजीत कुमार घिदौड़े ने कहा कि किसी भी कीमत पर पेड़ों की कटाई बर्दाश्त नहीं की जाएगी। हमारा विरोध सरकार के विकास कार्यों से नहीं है और न ही हम फिल्म सिटी बनाने के खिलाफ हैं। लेकिन इसके लिए दूसरी जगह का चयन किया जाना चाहिए।
उन्होंने कहा कि सरकार को पेड़ लगाने और ऑक्सीजन तैयार करने पर ध्यान देना चाहिए। नवा रायपुर में फिल्म सिटी बनाने के लिए दूसरी जगह भी उपलब्ध हो सकती है। जंगल काटकर विकास करने की जरूरत नहीं है। आने वाले दिनों में इस आंदोलन को और तेज किया जाएगा।
1100 पौधे लगाने का दावा, मौके पर 530 ही मिले; वे भी सूखे
माना-तूता जंगल संघर्ष समिति के सदस्य कृणाल सिन्हा ने कहा कि जंगल को बचाने के लिए पिछले 9 महीने से निगरानी कर रही निरगारी समिति आने वाले दिनों में और मजबूती से काम करेगी। इस मुद्दे को आम जनता तक पहुंचाकर जन आंदोलन बनाया जाएगा। माना-तूता जंगल के पेड़ों को कटने नहीं दिया जाएगा।
उन्होंने कहा कि पर्यटन मंडल के एमडी 1100 पौधे लगाने का दावा कर रहे हैं, जबकि मैंने खुद मौके पर गिनती की तो 530 पौधे ही मिले। ये सभी सूख चुके हैं। उन्होंने बताया कि पर्यटन मंडल की बाउंड्री और फिल्म सिटी की बाउंड्री के बीच ये पौधे लगाए गए थे, जो अब सूख गए हैं।
