Thursday, February 5, 2026
Homeकार्यवाहीमहासमुन्द में 10 अवैध रेत भंडारण पर कलेक्टर की सख्त कार्रवाई। जप्त...

महासमुन्द में 10 अवैध रेत भंडारण पर कलेक्टर की सख्त कार्रवाई। जप्त किए गए अवैध रेत की नीलामी से शासन को मिलेगा 7 करोड़ 41 लाख रुपए का राजस्व।

IBN24 Desk : महासमुन्द (छत्तीसगढ़) महासमुन्द जिले में अवैध खनन, परिवहन और भंडारण पर कलेक्टर श्री विनय लंगेह की सख्त कार्रवाई एवं पहल रंग लाई है। जप्त किए गए अवैध रेत की पारदर्शी नीलामी प्रक्रिया के परिणामस्वरूप 10 रेत ब्लॉकों की नीलामी से शासन को कुल 7 करोड़ 41 लाख रुपए का राजस्व प्राप्त होगा। इसमें 9 रेत ब्लाकों से 6 करोड़ 69 लाख 63 हजार 266 रुपए नीलामी राशि के रूप में प्राप्त हो गई है।जबकि एक ब्लॉक का 56 लाख 39 हजार 840 रुपए प्राप्त होना शेष है। यह कार्रवाई जिले में खनिजों की अवैध गतिविधियों पर रोक लगाने की दिशा में एक ऐतिहासिक कदम साबित हुई है।

ज्ञात है कि कलेक्टर श्री लंगेह के निर्देश पर खनिज एवं पुलिस विभाग की संयुक्त टीम ने ग्राम पंचायत बरबसपुर, घोड़ारी, बड़गांव और बिरकोनी क्षेत्र में सरकारी एवं निजी भूमि पर अवैध रूप से भंडारित रेत को जब्त किया था। बाद में खनिज विभाग द्वारा एरियल ड्रोन सर्वे के माध्यम से मात्रा का सटीक निर्धारण कराया गया, जिसमें कुल 2,61,323 घनमीटर रेत का अवैध भंडारण पाया गया।

इसके पश्चात 4 जुलाई 2025 को समाचार पत्र के माध्यम से दावा-आपत्ति आमंत्रण जारी किया गया। परंतु भंडारणकर्ताओं द्वारा प्रस्तुत दावे ड्रोन सर्वे में प्राप्त मात्रा से कम पाए जाने के कारण विभिन्न शासकीय एवं निजी भूमि में अवैध रूप से भंडारित रेत को खनिज राजस्व एवं पुलिस विभाग द्वारा सयुक्त रूप से जप्त किया गया। खनिज विभाग द्वारा जप्त रेत के मात्रा के निर्धारण हेतु एरियल ड्रोन सर्वे कराया गया। सर्वे में जप्त की गई रेत भण्डारण की कुल मात्रा 261323 घनमीटर होना पाया गया।

खनिज विभाग द्वारा जप्त रेत भण्डारण के संबंध में 04 जुलाई को समाचार पत्र के माध्यम से दावा आपत्ति का ईश्तहार प्रकाशन किया गया। अवैध रेत भण्डारणकताओं द्वारा प्रस्तुत दावा आपत्ति में उनके द्वारा स्वीकारोक्ति उल्लेखित मात्रा एरियल ड्रोन सर्वे से प्राप्त मात्रा से कम होने की दशा में उन पर अधिरोपित अर्थदण्ड / समझौता राशि से शासन को प्राप्त होने वाले राजस्व का अपवंचन हानि होने के स्थिति में समस्त दावा आपत्ति आवेदन को खरिज किया गया।

कलेक्टर श्री लंगेह की पहल पर जब्त रेत को 10 अलग-अलग ब्लॉकों में विभाजित कर पारदर्शी निविदा प्रक्रिया के माध्यम से नीलामी की गई। इन ब्लॉकों में बरबसपुर-ए, बरबसपुर-बी, घोड़ारी-डी, बड़गांव-ई, बड़गांव-एफ, बड़गांव-जी, बिरकोनी-एच, बिरकोनी-आई और बिरकोनी-जे शामिल हैं। इनमें से 09 ब्लॉकों के सफल बोलीदाताओं ने 6,69,63,266 रुपए जमा किए हैं, जबकि बरबसपुर-सी ब्लॉक से 56,39,840 रुपए की नीलामी राशि प्राप्त होना शेष है। आवेदन शुल्क 4,30,000 रुपए एवं जप्त कार्यपालन प्रतिभूति 10,72,600 रुपए जोड़ने पर शासन के खाते में कुल 7,41,05,706 रुपए का राजस्व शासन को मिलेगा।

कलेक्टर श्री विनय लंगेह ने स्पष्ट कहा कि खनिजों के अवैध उत्खनन, परिवहन या भंडारण में संलिप्त किसी को भी बख्शा नहीं जाएगा। भविष्य में ऐसे कृत्य पाए जाने पर दोषियों के विरुद्ध एफआईआर दर्ज कर दंडात्मक कार्यवाही की जाएगी।खनिज विभाग द्वारा जिले में विशेष अभियान चलाकर सतत जांच की जाएगी, ताकि खनिज संसाधनों का सुरक्षित और वैधानिक दोहन सुनिश्चित किया जा सके।

राज्य शासन की मंशा के अनुरूप की गई इस निर्णायक कार्रवाई से जिले को करोड़ों का राजस्व लाभ हुआ है और खनन नियंत्रण व्यवस्था में सख्ती व पारदर्शिता असर स्पष्ट परिलक्षित हुआ है।

RELATED ARTICLES

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

Most Popular

Recent Comments

error: Content is protected !!