IBN24 Desk:कोरबा (छत्तीसगढ़) कोरबा जिले के कोलगा गांव में ग्रामीणों ने बैठक कर पूर्ण शराबबंदी का फैसला लिया। शुक्रवार को हुई बैठक में तय किया गया कि गांव में कोई शराब नहीं बेचेगा, पिएगा या बनाएगा। यह मामला करतला थाना क्षेत्र का है।
फैसले के बाद महिलाएं लाठी लेकर गांव की गलियों में निकलीं और शराब बंद करने के नारे लगाए। उन्होंने शराब बनाने वालों के घर जाकर उन्हें समझाइश दी।
ग्रामीणों ने कहा कि शराब बनाते या बेचते पकड़े जाने वाले व्यक्ति के खिलाफ गांव में कार्रवाई की जाएगी और उसे पुलिस को सौंपा जाएगा।
शराब के कारण बिगड़ रहा गांव का माहौल
ग्रामीणों का आरोप है कि अवैध शराब से गांव का माहौल बिगड़ रहा है। उनके मुताबिक, पुरुषों के साथ स्कूली बच्चे और महिलाएं भी शराब की लत में पड़ रहे हैं। इससे घरेलू कलह और मारपीट की घटनाएं बढ़ रही हैं।
थाना प्रभारी ने ग्रामीणों की पहल को सराहा
यह फैसला सरपंच संतराम राठिया की मौजूदगी में लिया गया। सूचना मिलने पर करतला थाना प्रभारी भी गांव पहुंचे।
उन्होंने ग्रामीणों की पहल की सराहना की और कहा कि पुलिस अवैध शराब के खिलाफ कार्रवाई कर रही है। ग्रामीण ऐसी गतिविधियों की सूचना देंगे तो पुलिस कार्रवाई करेगी।
शिकायत के बाद ग्रामीणों ने उठाया कदम
ग्रामीणों का कहना है कि वे आबकारी विभाग और पुलिस से पहले भी कई बार शिकायत कर चुके हैं। कार्रवाई के बावजूद शराब की बिक्री जारी रहने पर उन्होंने खुद यह कदम उठाया।
ग्रामीणों ने कहा कि गांव में फिर महुआ शराब बेची गई तो महिला समिति कार्रवाई करेगी।
